राजस्थान टीम के कप्तान रियान पराग पर अनुशासनहीनता के मामले में बड़ा जुर्माना लगाया गया है। ड्रेसिंग रूम के भीतर ई-सिगरेट का इस्तेमाल करने पर उनकी मैच फीस का 25 प्रतिशत काट लिया गया है। इसके साथ ही उनके खाते में एक डिमेरिट अंक भी जोड़ा गया है।
वायरल वीडियो के बाद हुई कार्रवाई
यह मामला उस समय सामने आया जब सोशल मीडिया पर रियान पराग का एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ। वीडियो में वह मुकाबले के दौरान ड्रेसिंग रूम में ई-सिगरेट लेते नजर आए थे। इसके बाद मामले की जांच की गई और अब सजा का ऐलान कर दिया गया।
नियम तोड़ने का दोषी पाया गया
रियान पराग को प्रतियोगिता के आचार संहिता नियम 2.22 के तहत दोषी माना गया। बताया गया है कि उन्होंने मैच रेफरी अमित शर्मा के सामने अपनी गलती स्वीकार भी कर ली। इसी कारण उन पर तुरंत कार्रवाई की गई।
देश में पहले से प्रतिबंधित है वैपिंग
भारत में ई-सिगरेट और वैपिंग पर वर्ष 2019 से रोक लागू है। खेल संस्थाओं के नियमों में भी चुनिंदा जगहों को छोड़कर धूम्रपान और वैपिंग पर सख्त पाबंदी है। ऐसे में ड्रेसिंग रूम के भीतर इसका इस्तेमाल नियमों का उल्लंघन माना गया।
पहले भी दिख चुके हैं खिलाड़ी
रियान पराग ऐसे पहले खिलाड़ी नहीं हैं जिनका नाम इस तरह के मामले में आया हो। इससे पहले अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के कुछ खिलाड़ियों को भी सिगरेट या ई-सिगरेट का इस्तेमाल करते देखा गया था। हालांकि इस प्रतियोगिता में इस तरह की सजा पाने वाले वह पहले खिलाड़ी बने हैं।
प्रदर्शन औसत, कप्तानी असरदार
इस सत्र में रियान पराग का बल्ला अब तक उम्मीद के मुताबिक नहीं चला है। उन्होंने 9 मुकाबलों में 117 रन बनाए हैं। हालांकि अच्छी बात यह है कि उनकी कप्तानी में राजस्थान टीम का प्रदर्शन मजबूत रहा है और टीम अच्छी स्थिति में बनी हुई है।

