By Malay Ojha | Published: 16 June 2026 at 02:00 PM
वाराणसी में पुलिस के कमांड सेंटर की सतर्कता एक बार फिर लोगों के काम आई। लगातार दो दिनों में अलग-अलग मामलों में ऑटो में छूटे बैग, मोबाइल और अन्य कीमती सामान को महज दो घंटे के भीतर खोजकर उनके मालिकों को सौंप दिया गया। सीसीटीवी कैमरों की मदद से की गई इस कार्रवाई के बाद पीड़ितों ने पुलिस और कमांड सेंटर टीम की जमकर सराहना की।
कमांड सेंटर से मिली जानकारी के अनुसार, 13 जून को मो. अरबाज नामक युवक नमो घाट से वाराणसी कैंट की ओर ऑटो से जा रहा था। सफर के दौरान उसका बैग ऑटो में ही छूट गया। बैग में लैपटॉप समेत कई जरूरी सामान रखे हुए थे। घटना की जानकारी मिलने के बाद कमांड सेंटर सिगरा की टीम सक्रिय हुई और इलाके में लगे कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी।
कैमरों की मदद से मिला ऑटो
पुलिस टीम ने नमो घाट से वाराणसी कैंट के बीच लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से ऑटो की पहचान की। इसके बाद बैग और उसमें रखा सामान बरामद कर लिया गया। पूरी कार्रवाई करीब दो घंटे के भीतर पूरी कर ली गई। सामान वापस मिलने के बाद मो. अरबाज ने खुशी जताते हुए वाराणसी पुलिस और कमांड सेंटर टीम का आभार व्यक्त किया।
दूसरे दिन फिर दोहराई सफलता
इसी तरह 16 जून को एक महिला यात्री झारखंड से वाराणसी कैंट स्टेशन पहुंची थीं। वहां से वह लहरतारा जाने के लिए ऑटो में बैठीं। लहरतारा चौराहे पर उतरने के दौरान उनका बैग ऑटो में ही छूट गया। बैग में दो मोबाइल फोन, चार्जर और अन्य जरूरी सामान रखा हुआ था।
दो घंटे में महिला को मिला सामान
घटना की सूचना मिलते ही कमांड सेंटर सिगरा की टीम ने वाराणसी कैंट स्टेशन से लहरतारा चौराहे तक लगे कैमरों की जांच शुरू की। फुटेज के आधार पर संबंधित ऑटो की पहचान की गई और बैग को बरामद कर महिला को सौंप दिया गया। यह कार्रवाई भी करीब दो घंटे के भीतर पूरी कर ली गई।
लोगों में बढ़ा भरोसा
लगातार दो दिनों में हुई इन सफल कार्रवाइयों ने यह साबित कर दिया कि शहर में लगे निगरानी कैमरे सिर्फ सुरक्षा व्यवस्था तक सीमित नहीं हैं, बल्कि लोगों की मदद करने में भी अहम भूमिका निभा रहे हैं। दोनों मामलों में सामान वापस मिलने के बाद संबंधित लोगों ने पुलिस की तत्परता की खुलकर तारीफ की।
कमांड सेंटर की भूमिका बनी मिसाल
अधिकारियों के निर्देशन में काम कर रही कमांड सेंटर सिगरा की टीम ने कैमरा नेटवर्क का उपयोग कर दोनों मामलों को बेहद कम समय में सुलझाया। इससे न केवल लोगों का सामान सुरक्षित वापस मिला, बल्कि तकनीक आधारित पुलिसिंग की प्रभावशीलता भी सामने आई।
Aryavarta Live के WhatsApp Channel से जुड़ें और हर महत्वपूर्ण अपडेट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।
WhatsApp चैनल जॉइन करें

