By Malay Ojha | Published: 07 June 2026 at 01:30 PM
वाराणसी के लक्सा थाना क्षेत्र में शनिवार देर रात एक सनसनीखेज घटना सामने आई, जहां हिस्ट्रीशीटर अनिल यादव उर्फ पट्टी ने कथित रूप से फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। शुरुआती जांच में सामने आया है कि वह हाल ही में जिला बदर किए जाने और लगातार थाने में हो रही पूछताछ को लेकर मानसिक दबाव में था। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और जांच शुरू कर दी है।
लक्सा थाना पुलिस के अनुसार, शनिवार रात करीब दो बजे अनिल यादव शराब के नशे में घर पहुंचा था। इसके बाद घर में पत्नी से विवाद की स्थिति बनी। पुलिस का कहना है कि प्राथमिक तौर पर आत्महत्या के पीछे घरेलू विवाद को भी एक कारण माना जा रहा है, लेकिन जांच अभी जारी है।
अपराधी रिकॉर्ड और पुराने मामले
अनिल यादव का नाम लंबे समय से पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज था। उसके खिलाफ लक्सा, दशाश्वमेध, सिगरा और शिवपुर सहित कई थानों में हत्या और लूट जैसे गंभीर मामलों में दो दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज बताए जाते हैं। वह कुछ महीने पहले ही जेल से रिहा होकर बाहर आया था।
कमरे में मिला शव, परिवार में मचा कोहराम
परिजनों के मुताबिक रविवार सुबह उसकी पत्नी जब कमरे में खाना लेकर पहुंची तो दरवाजा अंदर से बंद मिला। काफी देर तक जवाब न मिलने पर परिवार के अन्य लोगों को सूचना दी गई। छोटे भाई ने दरवाजा तोड़कर देखा तो अनिल फंदे से लटका हुआ मिला। इसके बाद उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
जिला बदर और थाने की पूछताछ से तनाव
परिजनों ने पुलिस को बताया कि अनिल को करीब दो महीने पहले जिला बदर किया गया था। इसके बावजूद उसे हस्ताक्षर के लिए थाने बुलाया जा रहा था, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान रहता था। वह अक्सर यह बात कहता था कि आदेश के बावजूद उसे बार-बार थाने क्यों बुलाया जा रहा है।
पारिवारिक जीवन और पृष्ठभूमि
स्थानीय लोगों के अनुसार, अनिल यादव की पहली पत्नी का पहले ही निधन हो चुका था, जिसके बाद उसने दूसरी शादी की थी। परिवार का कहना है कि हाल के दिनों में वह काफी तनाव में रहने लगा था।
पुलिस जांच जारी
फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों पर स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।

