By Malay Ojha | Published: 25 June 2026 at 07:33 PM
देश में एलपीजी को लेकर सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। केंद्र सरकार ने नॉन-घरेलू पैक्ड एलपीजी की सप्लाई पर लगी सभी सेक्टोरल पाबंदियां हटा दी हैं। इसके साथ ही बल्क एलपीजी की सप्लाई भी दोबारा शुरू कर दी गई है। इस फैसले से कारोबार और उद्योग जगत को बड़ी राहत मिलने वाली है।
सरकार ने एलपीजी की सप्लाई को फिर उसी स्तर पर बहाल कर दिया है, जो पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने से पहले थी। संकट के दौरान सप्लाई पर रोक और कटौती की गई थी ताकि घरेलू जरूरतों को प्राथमिकता दी जा सके। अब हालात सामान्य होने पर पाबंदियां खत्म कर दी गई हैं।
बल्क सप्लाई भी फिर शुरू
सरकार के नए फैसले के तहत बल्क एलपीजी की आपूर्ति भी फिर से शुरू कर दी गई है। हालांकि शुरुआती तौर पर इसे संकट से पहले की कुल खपत के आधे स्तर तक ही खोला गया है। इससे होटल, फैक्ट्री और बड़े कारोबारियों को सीधी राहत मिलेगी।
संकट के दौरान क्या हुआ था
जब वैश्विक हालात बिगड़े और ईंधन आपूर्ति को लेकर दबाव बढ़ा, तब सरकार ने जरूरी कदम उठाते हुए घरेलू गैस उत्पादन बढ़ाने पर जोर दिया था। इसी के तहत आवश्यक वस्तु कानून के तहत आदेश जारी कर कुछ खास गैस मिश्रणों का इस्तेमाल केवल एलपीजी उत्पादन में करने को कहा गया था।
दूसरे क्षेत्रों से हटाकर एलपीजी में लगाया गया था उपयोग
संकट के वक्त जिन गैस घटकों का इस्तेमाल पेट्रोकेमिकल और दूसरे औद्योगिक क्षेत्रों में हो रहा था, उन्हें अस्थायी तौर पर हटाकर एलपीजी उत्पादन में लगाया गया। इसका मकसद घरेलू और जरूरी जरूरतों के लिए पर्याप्त गैस उपलब्ध कराना था।
अब उत्पादन बेहतर, इसलिए बदला फैसला
सरकार का कहना है कि अब देश में एलपीजी का घरेलू उत्पादन बेहतर स्थिति में है। साथ ही बाहर से आने वाली गैस खेप भी जल्द पहुंचने वाली हैं। इसी को देखते हुए एलपीजी पूल में इस्तेमाल हो रहे इन गैस घटकों को कम करने का फैसला लिया गया है।
उद्योगों को मिलेगा ज्यादा फायदा
अब इन गैस घटकों को फिर से पेट्रोकेमिकल और दूसरे अहम क्षेत्रों में ज्यादा मात्रा में भेजा जाएगा। इसका सीधा फायदा उन उद्योगों को होगा, जो पिछले कुछ समय से सीमित सप्लाई के कारण दबाव में थे।
आम लोगों को चिंता की जरूरत नहीं
सरकार ने साफ किया है कि इस फैसले का घरेलू गैस सिलेंडर की सप्लाई या कीमतों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। यानी घरों में इस्तेमाल होने वाले रसोई गैस सिलेंडर पहले की तरह ही उपलब्ध रहेंगे और आम लोगों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी।
कारोबार जगत के लिए राहत का संकेत
विशेषज्ञ मानते हैं कि यह कदम उद्योग जगत के लिए राहत का बड़ा संकेत है। इससे उत्पादन लागत में कुछ राहत मिल सकती है और बाजार में सप्लाई चेन भी मजबूत होगी। आने वाले दिनों में इसका असर कई क्षेत्रों में दिखाई दे सकता है।
Aryavarta Live के WhatsApp Channel से जुड़ें और हर महत्वपूर्ण अपडेट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।
WhatsApp चैनल जॉइन करें

