By लाइव आर्यावर्त टीम | Published: 17 February 2026 at 10:07 AM
पटना वूमेंस हॉस्पिटल में महिलाओं की सेहत पर विशेष परामर्श शिविर, निसंतान दंपतियों के लिए उम्मीद की किरण
पटना।राजधानी के प्रतिष्ठित Patna Women’s Hospital & Fertility Research Centre में आयोजित विशेष परामर्श कार्यक्रम में स्त्री एवं प्रसूति रोग तथा इनफर्टिलिटी विशेषज्ञ डॉ. कुमारी अनुराग ने महिलाओं से जुड़ी विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं और दंपतियों ने भाग लेकर स्वास्थ्य संबंधी सलाह प्राप्त की।डॉ. कुमारी अनुराग ने बताया कि बदलती जीवनशैली, तनाव, अनियमित दिनचर्या और देर से विवाह के कारण इनफर्टिलिटी के मामलों में निरंतर वृद्धि देखी जा रही है। उन्होंने कहा कि बांझपन अब केवल ग्रामीण या शहरी समस्या नहीं रह गई है, बल्कि यह समाज के हर वर्ग को प्रभावित कर रही है। इसके साथ ही एनीमिया, ओवरी में सिस्ट, अनियमित माहवारी और हार्मोनल असंतुलन जैसी समस्याएं भी तेजी से बढ़ रही हैं।उन्होंने महिलाओं को सलाह दी कि 40 वर्ष की आयु के बाद नियमित स्वास्थ्य जांच कराना अत्यंत आवश्यक है, ताकि समय रहते किसी भी जटिलता की पहचान और उपचार संभव हो सके। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि समय पर परामर्श और सही उपचार से अधिकांश मामलों में सकारात्मक परिणाम मिल सकते हैं।अस्पताल के वरिष्ठ विशेषज्ञ डॉ. संजीव कुमार ने कहा कि आधुनिक तकनीक और समर्पित चिकित्सकीय देखभाल के माध्यम से निसंतान दंपतियों के जीवन में खुशियां लौटाना अब संभव हो गया है। उन्होंने बताया कि उचित जांच, सही काउंसलिंग और वैज्ञानिक उपचार पद्धतियों के जरिए अनेक दंपतियों को संतान सुख प्राप्त हुआ है।डॉ. कुमार ने कहा, “निसंतानता कोई अभिशाप नहीं है। आज चिकित्सा विज्ञान ने इतनी प्रगति कर ली है कि सही समय पर सही उपचार से अधिकांश दंपतियों के जीवन में किलकारी गूंज सकती है।”कार्यक्रम के अंत में उपस्थित महिलाओं ने विशेषज्ञों से व्यक्तिगत परामर्श लिया और अस्पताल प्रशासन ने भविष्य में भी इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही।

