By लाइव आर्यावर्त टीम | Published: 24 May 2026 at 07:13 AM
पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत के क्वेटा शहर में रेलवे ट्रैक के पास हुए जोरदार धमाके से बड़ा हादसा हो गया. इस विस्फोट में 23 लोगों की मौत की खबर है, जबकि 47 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं. धमाका इतना तेज था कि पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और आसपास मौजूद लोग दहशत में आ गए.
घटना के तुरंत बाद घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया. हालात को देखते हुए सरकारी अस्पतालों में इमरजेंसी लागू कर दी गई है. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक धमाके के बाद कुछ देर तक गोलियों जैसी आवाजें भी सुनाई दीं, जिससे इलाके में डर का माहौल बन गया.
रेलवे लाइन पर हुआ विस्फोट
जानकारी के मुताबिक ट्रेन क्वेटा कैंट इलाके की ओर जा रही थी, तभी रेलवे लाइन पर विस्फोट हुआ. धमाके के कारण ट्रेन का इंजन और तीन डिब्बे पटरी से उतर गए, जबकि दो डिब्बे पलट गए. हादसे के बाद रेलवे ट्रैक के आसपास का इलाका पूरी तरह सील कर दिया गया.
कई गाड़ियों और इमारतों को नुकसान
रेल अधिकारियों के अनुसार चमन फाटक के पास शटल ट्रेन को निशाना बनाया गया. धमाके की चपेट में आकर पार्किंग में खड़ी करीब 10 गाड़ियों को नुकसान पहुंचा. विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि आसपास की इमारतों के शीशे और खिड़कियां भी टूट गईं.
सुरक्षा एजेंसियां जांच में जुटीं
बलूचिस्तान सरकार के अधिकारी बाबर यूसुफजई ने बताया कि पुलिस, सुरक्षा बल और राहत टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गई थीं. फिलहाल जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि धमाका किस तरह किया गया. अभी तक किसी संगठन ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है.
लंबे समय से अशांत रहा है बलूचिस्तान
बलूचिस्तान लंबे समय से हिंसा और अलगाववादी गतिविधियों का केंद्र रहा है. यहां सक्रिय कई संगठन पाकिस्तान सरकार के खिलाफ अभियान चलाते रहे हैं और अलग देश की मांग करते हैं. इसी वजह से यह इलाका पहले भी कई बार हिंसक घटनाओं का गवाह बन चुका है.
जाफर एक्सप्रेस रोकी गई
घटना के बाद एहतियात के तौर पर पेशावर जाने वाली जाफर एक्सप्रेस को क्वेटा रेलवे स्टेशन पर रोक दिया गया. रेलवे प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए कई ट्रेनों की आवाजाही पर निगरानी बढ़ा दी है.
रेल मंत्री ने की हमले की निंदा
पाकिस्तान के रेल मंत्री मोहम्मद हनीफ अब्बासी ने इस घटना की कड़ी निंदा की है. उन्होंने इसे कायराना हमला बताते हुए कहा कि ऐसे हमलों से आतंकवाद के खिलाफ देश की लड़ाई कमजोर नहीं होगी. उन्होंने अधिकारियों से पूरी रिपोर्ट मांगी है और राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं.

