National

spot_img

NEET-UG पेपर लीक मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, एनटीए हटाने और दोबारा परीक्षा की मांग

By Malay Ojha | Published: 13 May 2026 at 06:00 AM

नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन ने सर्वोच्च न्यायालय में याचिका दाखिल कर राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी में बड़े बदलाव की मांग उठाई है। याचिका में कहा गया है कि मौजूदा व्यवस्था परीक्षा की गोपनीयता बनाए रखने में पूरी तरह नाकाम रही है, इसलिए नई और स्वतंत्र परीक्षा संस्था बनाई जाए।

याचिका में अदालत से अपील की गई है कि नीट-यूजी 2026 परीक्षा दोबारा कराई जाए। साथ ही इस पूरी प्रक्रिया की निगरानी सुप्रीम कोर्ट की ओर से गठित हाई लेवल कमेटी करे। याचिकाकर्ताओं ने सुझाव दिया है कि इस समिति की अगुवाई सर्वोच्च न्यायालय के रिटायर्ड जज को सौंपी जाए।

हाई लेवल कमेटी में विशेषज्ञ शामिल करने की मांग
याचिका में कहा गया है कि परीक्षा सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समिति में साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ और फॉरेंसिक वैज्ञानिक को भी शामिल किया जाए। यह कमेटी परीक्षा प्रणाली की निगरानी करे और सुरक्षा मानकों की समीक्षा के बाद ही परीक्षा आयोजित करने की अनुमति दे।

नई परीक्षा संस्था बनाने की अपील
फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन ने अदालत से राष्ट्रीय परीक्षा अखंडता आयोग बनाने की मांग की है। याचिका में कहा गया है कि जब तक नई संस्था अस्तित्व में नहीं आती, तब तक कोर्ट की निगरानी वाली समिति ही परीक्षा सुरक्षा व्यवस्था को नियंत्रित करे।

डिजिटल सुरक्षा और सीबीटी मॉडल पर जोर
याचिका में प्रश्नपत्रों की सुरक्षा के लिए डिजिटल लॉक सिस्टम लागू करने की मांग भी की गई है। इसके अलावा ऑफलाइन परीक्षा व्यवस्था खत्म कर कंप्यूटर आधारित परीक्षा प्रणाली लागू करने का सुझाव दिया गया है, ताकि प्रश्नपत्रों के परिवहन और वितरण के दौरान होने वाले लीक के खतरे को रोका जा सके।

राजस्थान से सामने आया था पेपर लीक मामला
नीट-यूजी 2026 परीक्षा 3 मई को आयोजित हुई थी, जिसमें 22 लाख से ज्यादा अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया था। राजस्थान में पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी ने परीक्षा रद्द करने का फैसला लिया। इसके बाद पूरे मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो को सौंप दी गई।

पांच राज्यों तक पहुंची जांच
जांच एजेंसियों की शुरुआती पड़ताल में सामने आया कि प्रश्नपत्र परीक्षा से पहले ही लीक हो गया था। जांच में बायोलॉजी के 90 और केमिस्ट्री के 35 सवाल हूबहू मिलने की बात सामने आई है। मामले का कनेक्शन पांच राज्यों तक बताया जा रहा है।

दोबारा परीक्षा की तैयारी
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी ने मंगलवार को जानकारी दी कि 3 मई 2026 को आयोजित नीट-यूजी परीक्षा रद्द कर दी गई है। एजेंसी ने कहा है कि परीक्षा दोबारा आयोजित की जाएगी और नई तारीख जल्द घोषित की जाएगी।

📢 बड़ी खबर आते ही सबसे पहले जानना चाहते हैं?
Aryavarta Live के WhatsApp Channel से जुड़ें और हर महत्वपूर्ण अपडेट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।

WhatsApp चैनल जॉइन करें
Breaking Hindi News और ताज़ा अपडेट्स पाएं सबसे पहले Aryavarta Live पर। यहां आपको भारत, पाकिस्तान, अमेरिका समेत दुनिया भर की महत्वपूर्ण खबरें मिलेंगी। खेल, मनोरंजन, व्यापार, टेक्नोलॉजी, क्राइम, उत्तर प्रदेश और बिहार की हर बड़ी खबर पढ़ने के लिए जुड़े रहें Aryavarta Live के साथ।

International

spot_img

NEET-UG पेपर लीक मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, एनटीए हटाने और दोबारा परीक्षा की मांग

By Malay Ojha | Published: 13 May 2026 at 06:00 AM

नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन ने सर्वोच्च न्यायालय में याचिका दाखिल कर राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी में बड़े बदलाव की मांग उठाई है। याचिका में कहा गया है कि मौजूदा व्यवस्था परीक्षा की गोपनीयता बनाए रखने में पूरी तरह नाकाम रही है, इसलिए नई और स्वतंत्र परीक्षा संस्था बनाई जाए।

याचिका में अदालत से अपील की गई है कि नीट-यूजी 2026 परीक्षा दोबारा कराई जाए। साथ ही इस पूरी प्रक्रिया की निगरानी सुप्रीम कोर्ट की ओर से गठित हाई लेवल कमेटी करे। याचिकाकर्ताओं ने सुझाव दिया है कि इस समिति की अगुवाई सर्वोच्च न्यायालय के रिटायर्ड जज को सौंपी जाए।

हाई लेवल कमेटी में विशेषज्ञ शामिल करने की मांग
याचिका में कहा गया है कि परीक्षा सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समिति में साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ और फॉरेंसिक वैज्ञानिक को भी शामिल किया जाए। यह कमेटी परीक्षा प्रणाली की निगरानी करे और सुरक्षा मानकों की समीक्षा के बाद ही परीक्षा आयोजित करने की अनुमति दे।

नई परीक्षा संस्था बनाने की अपील
फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन ने अदालत से राष्ट्रीय परीक्षा अखंडता आयोग बनाने की मांग की है। याचिका में कहा गया है कि जब तक नई संस्था अस्तित्व में नहीं आती, तब तक कोर्ट की निगरानी वाली समिति ही परीक्षा सुरक्षा व्यवस्था को नियंत्रित करे।

डिजिटल सुरक्षा और सीबीटी मॉडल पर जोर
याचिका में प्रश्नपत्रों की सुरक्षा के लिए डिजिटल लॉक सिस्टम लागू करने की मांग भी की गई है। इसके अलावा ऑफलाइन परीक्षा व्यवस्था खत्म कर कंप्यूटर आधारित परीक्षा प्रणाली लागू करने का सुझाव दिया गया है, ताकि प्रश्नपत्रों के परिवहन और वितरण के दौरान होने वाले लीक के खतरे को रोका जा सके।

राजस्थान से सामने आया था पेपर लीक मामला
नीट-यूजी 2026 परीक्षा 3 मई को आयोजित हुई थी, जिसमें 22 लाख से ज्यादा अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया था। राजस्थान में पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी ने परीक्षा रद्द करने का फैसला लिया। इसके बाद पूरे मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो को सौंप दी गई।

पांच राज्यों तक पहुंची जांच
जांच एजेंसियों की शुरुआती पड़ताल में सामने आया कि प्रश्नपत्र परीक्षा से पहले ही लीक हो गया था। जांच में बायोलॉजी के 90 और केमिस्ट्री के 35 सवाल हूबहू मिलने की बात सामने आई है। मामले का कनेक्शन पांच राज्यों तक बताया जा रहा है।

दोबारा परीक्षा की तैयारी
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी ने मंगलवार को जानकारी दी कि 3 मई 2026 को आयोजित नीट-यूजी परीक्षा रद्द कर दी गई है। एजेंसी ने कहा है कि परीक्षा दोबारा आयोजित की जाएगी और नई तारीख जल्द घोषित की जाएगी।

📢 बड़ी खबर आते ही सबसे पहले जानना चाहते हैं?
Aryavarta Live के WhatsApp Channel से जुड़ें और हर महत्वपूर्ण अपडेट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।

WhatsApp चैनल जॉइन करें
Breaking Hindi News और ताज़ा अपडेट्स पाएं सबसे पहले Aryavarta Live पर। यहां आपको भारत, पाकिस्तान, अमेरिका समेत दुनिया भर की महत्वपूर्ण खबरें मिलेंगी। खेल, मनोरंजन, व्यापार, टेक्नोलॉजी, क्राइम, उत्तर प्रदेश और बिहार की हर बड़ी खबर पढ़ने के लिए जुड़े रहें Aryavarta Live के साथ।

National

spot_img

International

spot_img
RELATED ARTICLES