By लाइव आर्यावर्त टीम | Published: 22 May 2026 at 11:46 AM
पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर एक अनोखा डिजिटल अभियान ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ तेजी से चर्चा में है। मीम्स और राजनीतिक व्यंग्य के जरिए शुरू हुआ यह अभियान बहुत कम समय में भारी लोकप्रियता हासिल कर चुका है। दावा किया जा रहा है कि इंस्टाग्राम पर इसके फॉलोअर्स कई बड़ी राजनीतिक पार्टियों से भी ज्यादा हो गए हैं।
यह अभियान पूरी तरह डिजिटल माध्यम से शुरू हुआ था, जिसमें कॉकरोच जैसे प्रतीक का इस्तेमाल कर राजनीतिक व्यंग्य किया गया। धीरे-धीरे यह ट्रेंड इतना बढ़ा कि बड़ी संख्या में लोग इससे जुड़ने लगे और यह सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
कॉकरोच जनता पार्टी के पीछे कौन?
इस अभियान को बॉस्टन में रहने वाले अभिजीत दीपके ने शुरू किया बताया जा रहा है। हालांकि, अब इसके पीछे की राजनीतिक स्वतंत्रता को लेकर सवाल उठने लगे हैं। लोग पूछ रहे हैं कि क्या यह वास्तव में एक स्वतंत्र डिजिटल आंदोलन है या इसके पीछे किसी राजनीतिक दल का प्रभाव है।
आम आदमी पार्टी कनेक्शन पर उठे सवाल
विवाद तब बढ़ा जब अभिजीत दीपके के पुराने राजनीतिक संबंध सामने आने लगे। बताया जा रहा है कि वे पहले आम आदमी पार्टी से जुड़े रह चुके हैं और पार्टी की सोशल मीडिया व चुनावी टीम का हिस्सा भी रहे हैं। इसी वजह से सोशल मीडिया पर यह चर्चा तेज हो गई कि क्या इस अभियान को किसी राजनीतिक रणनीति के तहत चलाया जा रहा है।
पूर्व नौकरशाह ने समर्थन वापस लिया
पूर्व नौकरशाह आशीष जोशी, जिन्होंने शुरुआत में इस अभियान का समर्थन किया था, बाद में इससे अलग हो गए। उन्होंने सार्वजनिक रूप से सवाल उठाया कि क्या यह अभियान पूरी तरह स्वतंत्र है या किसी राजनीतिक दल से जुड़ा हुआ है। जवाब न मिलने पर उन्होंने खुद को इस अभियान से अलग करने का फैसला लिया।
मनीष सिसोदिया के समर्थन से बढ़ा विवाद
विवाद तब और गहरा गया जब आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया ने सोशल मीडिया पर इस अभियान के समर्थन में एक वीडियो साझा किया। उन्होंने एक प्रतीकात्मक टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर टकराव हुआ तो वे ‘कॉकरोच’ के साथ खड़े होंगे। इसके बाद राजनीतिक हलकों में इस अभियान को लेकर चर्चाएं तेज हो गईं।
पुराने पोस्ट और कनेक्शन की चर्चा तेज
इसके बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने अभिजीत दीपके के पुराने पोस्ट भी शेयर करना शुरू कर दिए, जिनमें उन्होंने राजनीतिक नेताओं का धन्यवाद किया था। वहीं एक इंटरव्यू में दीपके ने स्वीकार किया कि वे वर्ष 2020 से 2023 तक आम आदमी पार्टी से जुड़े रहे थे।

