By Malay Ojha | Published: 05 May 2026 at 09:58 AM
पश्चिम बंगाल चुनाव के नतीजों को लेकर शिवसेना (यूबीटी) के राज्यसभा सांसद संजय राउत ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अगर समय रहते राहुल गांधी की बात मान ली होती, तो चुनाव के नतीजे अलग हो सकते थे।
राउत ने कहा कि विपक्षी एकता की दिशा में गंभीर चर्चा होती तो सियासी तस्वीर बदल सकती थी। उनके मुताबिक, राहुल गांधी ने पहले ही जो संकेत दिए थे, वे अब सही साबित हो रहे हैं।
राहुल गांधी के पास है विजन
संजय राउत ने राहुल गांधी को दूरदर्शी नेता बताते हुए कहा कि उनके पास साफ विजन है और उनकी बातों को नजरअंदाज करना विपक्ष के लिए भारी पड़ा।
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने जिन मुद्दों को उठाया था, वही अब चुनावी नतीजों में दिख रहा है, जिससे उनकी राजनीतिक समझ का अंदाजा लगाया जा सकता है।
चुनाव प्रक्रिया पर उठाए सवाल
राउत ने चुनाव प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में चुनाव निष्पक्ष तरीके से नहीं हुए। उन्होंने दावा किया कि इन राज्यों में चुनाव को प्रभावित किया गया, जिससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर सवाल खड़े होते हैं।
“इतिहास खुद को दोहराता है”
इतिहास का उदाहरण देते हुए राउत ने कहा कि एक समय इंदिरा गांधी के पास पूरे देश में सत्ता थी, लेकिन जनता ने उन्हें भी हरा दिया था। उनका कहना था कि सत्ता हमेशा स्थायी नहीं होती और जनता समय आने पर बड़ा फैसला लेती है।
“सत्ता का घमंड ज्यादा दिन नहीं चलता”
राउत ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सत्ता में बैठे लोग खुद को अजेय समझने लगे हैं, लेकिन यह भ्रम ज्यादा समय तक नहीं टिकता। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जब सत्ता का अहंकार बढ़ता है, तब उसके पतन की शुरुआत भी हो जाती है।
Aryavarta Live के WhatsApp Channel से जुड़ें और हर महत्वपूर्ण अपडेट सीधे अपने मोबाइल पर पाएं।
WhatsApp चैनल जॉइन करें

